Illegal Paddy Action: धमतरी में अवैध धान पर प्रशासन का कड़ा प्रहार, एक राइस मिल और तीन ट्रेडिंग फर्म सील

20,976 क्विंटल धान व 605 क्विंटल चावल जब्त
धमतरी। जिले में अवैध धान भंडारण और गैरकानूनी कारोबार के खिलाफ जिला प्रशासन ने बड़ी और सख्त कार्रवाई की है। नगरी विकासखंड में की गई संयुक्त छापेमारी के दौरान एक राइस मिल और तीन ट्रेडिंग फर्मों को सील कर दिया गया, जबकि भारी मात्रा में अवैध रूप से संग्रहित धान और चावल जब्त किया गया है। इस कार्रवाई से जिलेभर में हड़कंप मच गया है।प्रशासनिक जांच में सामने आया कि संबंधित संस्थानों में 20,976 क्विंटल धान और 605 क्विंटल चावल बिना वैध दस्तावेजों के भंडारित था। मौके पर मौजूद अधिकारियों ने जब भौतिक सत्यापन किया तो वास्तविक स्टॉक और कागजी रिकॉर्ड में बड़ा अंतर पाया गया। कई स्थानों पर खरीदी-बिक्री रजिस्टर, परिवहन दस्तावेज और भंडारण क्षमता से जुड़े रिकॉर्ड या तो अधूरे थे या प्रस्तुत ही नहीं किए जा सके।
रिकॉर्ड में हेराफेरी, नियमों का खुला उल्लंघन
जांच के दौरान यह भी उजागर हुआ कि कुछ फर्मों द्वारा अनाधिकृत स्रोतों से धान की खरीदी, तय सीमा से अधिक भंडारण और मंडी नियमों की अनदेखी की जा रही थी। यह स्थिति न केवल शासन के नियमों का उल्लंघन है, बल्कि किसानों के हितों के साथ भी गंभीर खिलवाड़ मानी जा रही है।संयुक्त उड़नदस्ता की प्रभावी कार्रवाईयह पूरी कार्रवाई राजस्व विभाग, खाद्य विभाग और मंडी विभाग की संयुक्त टीम द्वारा की गई। जिला एवं विकासखंड स्तर पर गठित उड़नदस्ता (फ्लाइंग स्क्वॉड) ने गोपनीय सूचना के आधार पर योजनाबद्ध तरीके से छापेमारी को अंजाम दिया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा।
प्रशासन का सख्त संदेश
जिला प्रशासन ने दो टूक कहा है कि“अवैध धान भंडारण, कालाबाजारी और नियमों की अनदेखी करने वालों के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई गई है। किसी भी स्तर पर लापरवाही या अवैध गतिविधि बर्दाश्त नहीं की जाएगी।”प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि जांच के दायरे को और बढ़ाया जाएगा तथा दोषी पाए जाने पर संबंधित फर्मों और मिल संचालकों के खिलाफ कानूनी एवं दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। इस कार्रवाई को किसानों के हितों की रक्षा और सरकारी खरीदी व्यवस्था को पारदर्शी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।




