राशन कार्ड फर्जीवाड़े पर सदन में घमासान,अपने ही विधायक ने मंत्री को घेरा, चंद्राकर बोले राशन कार्ड में भी SIR जरूरत, हाई पावर जांच की मांग

रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा के शीतकालीन सत्र में प्रश्नकाल के दौरान राशन कार्ड में कथित फर्जीवाड़े का मामला जोरशोर से उठा। इस मुद्दे पर सत्तापक्ष के ही भाजपा विधायक सुशांत शुक्ला ने मंत्री दयाल दास बघेल को कठघरे में खड़ा करते हुए गंभीर आरोप लगाए।
सुशांत शुक्ला ने सदन में कहा कि एपीएल राशन कार्ड को बीपीएल कार्ड में बदला गया, जो गंभीर अनियमितता है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस पूरे मामले में भ्रष्टाचार को खुला संरक्षण दिया जा रहा है। विधायक ने कहा कि उनके सवाल के जवाब में मंत्री ने सदन को गलत जानकारी दी। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि ऐसा कुछ नहीं हुआ, तो बिलासपुर में एफआईआर क्यों दर्ज कराई गई।
मामले पर अजय चंद्राकर ने भी कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि राशन कार्ड में भी SIR की जरूरत है। उन्होंने कहा कि एफआईआर की कॉपी सदन में दिखाई जा रही है, जबकि मंत्री इससे इनकार कर रहे हैं, जो बड़ा विरोधाभास है। अजय चंद्राकर ने मांग की कि इस विषय पर कल आधे घंटे की चर्चा रखी जाए।
विधायक धर्मजीत सिंह ने मामले को गंभीर बताते हुए कहा कि इसकी हाई पावर कमेटी या विधायकों की समिति से जांच कराई जाए, ताकि सच्चाई सामने आ सके। राशन कार्ड फर्जीवाड़े के आरोपों को लेकर सदन में सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों के बीच तीखी बहस देखने को मिली, जिससे मामला और गरमा गया।




