मटर तोड़ने की ‘सजा’: मासूमों को हाथ-पैर बांधकर पीटा, बलरामपुर से बर्बरता का वीडियो वायरल

बलरामपुर। छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले से मानवता को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है, जहां खेत से मटर तोड़ने के आरोप में गांव के छोटे-छोटे बच्चों को तालिबानी अंदाज़ में सजा दी गई। बच्चों के हाथ और पैर बांधकर बेरहमी से पिटाई की गई, जिसका वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
यह सनसनीखेज घटना राजपुर थाना क्षेत्र के ग्राम लडुवा की बताई जा रही है। वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि मासूम बच्चे दर्द से तड़प रहे हैं और रहम की गुहार लगा रहे हैं, लेकिन आरोपियों पर इसका कोई असर नहीं पड़ता। यह दृश्य न केवल कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है, बल्कि समाज की संवेदनशीलता पर भी गहरा आघात है।
जानकारी के अनुसार, बच्चों का कथित ‘अपराध’ केवल इतना था कि उन्होंने खेत से मटर तोड़ ली थी। इसी बात से नाराज होकर कुछ ग्रामीणों ने कानून अपने हाथ में लेते हुए बच्चों को बंधक बनाकर पीटना शुरू कर दिया। घटना के बाद बच्चों में भय का माहौल है और परिजन गहरे सदमे में हैं।

पीड़ित बच्चे के पिता ने इस अमानवीय कृत्य के खिलाफ राजपुर थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि बच्चों को जानबूझकर अपमानित करने और शारीरिक रूप से प्रताड़ित करने की मंशा से यह कृत्य किया गया।
पुलिस का कहना है कि वायरल वीडियो और शिकायत के आधार पर मामले की जांच शुरू कर दी गई है। दोषियों की पहचान की जा रही है और बाल संरक्षण कानून व अन्य सख्त धाराओं के तहत कार्रवाई की जाएगी। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि बच्चों के साथ हिंसा किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि क्या गांवों में अब भी कानून से ऊपर ‘भीड़ का न्याय’ हावी है? मासूमों पर की गई यह बर्बरता समाज के लिए चेतावनी है।



