Social Reform: छत्तीसगढ़ साहू समाज का बड़ा फैसला, प्री-वेडिंग शूट पर पूर्ण प्रतिबंध फिजूलखर्ची पर भी लगेगी रोक

प्रदेश साहू संघ की बैठक में अहम निर्णय
रायपुर। छत्तीसगढ़ के सामाजिक परिदृश्य में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए छत्तीसगढ़ साहू समाज ने बड़ा फैसला लिया है। समाज ने प्री-वेडिंग शूट पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का निर्णय किया है। इसके साथ ही विवाह आयोजनों में फिजूलखर्ची पर रोक लगाने का भी प्रस्ताव पारित किया गया।
यह निर्णय प्रदेश साहू संघ की बैठक में सर्वसम्मति से लिया गया, जिसका उद्देश्य सामाजिक दिखावे पर अंकुश लगाना और सादगी को बढ़ावा देना बताया गया।

सामाजिक सुधार की दिशा में पहल
बैठक में वक्ताओं ने कहा कि प्री-वेडिंग शूट और अत्यधिक खर्चीले विवाह कार्यक्रम समाज में अनावश्यक आर्थिक दबाव पैदा कर रहे हैं, खासकर मध्यम और गरीब परिवारों पर। ऐसे में यह निर्णय सामाजिक समरसता और आर्थिक संतुलन को मजबूत करेगा।
सादगीपूर्ण विवाह को बढ़ावा
प्रदेश साहू संघ ने स्पष्ट किया कि समाज के विवाह समारोह सरल, परंपरागत और मर्यादित होने चाहिए। निर्णय के तहत आगे चलकर समाज स्तर पर दिशानिर्देश भी जारी किए जाएंगे, ताकि सभी इकाइयाँ इसका पालन कर सकें।
अन्य समाजों के लिए बनेगा उदाहरण
साहू समाज के इस फैसले को सामाजिक सुधार की दिशा में मिसाल के रूप में देखा जा रहा है। माना जा रहा है कि इससे अन्य समाजों को भी दिखावे और फिजूलखर्ची के खिलाफ कदम उठाने की प्रेरणा मिलेगी।यह फैसला समाज में सादगी, अनुशासन और जिम्मेदारी की भावना को मजबूत करने वाला माना जा रहा है।



