
बिलासपुर। महिला सशक्तिकरण की दिशा में साउथ ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (SECL) की अभिनव पहल ने एक महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। कोल इंडिया की पहली पूर्णतः महिला संचालित डिस्पेंसरी वसंत विहार डिस्पेंसरी ने सफलतापूर्वक अपना एक वर्ष पूरा कर लिया है। इस अवसर पर आयोजित प्रथम वर्षगांठ समारोह में एसईसीएल के अध्यक्ष-सह-प्रबंध निदेशक (CMD) हरीश दुहन मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
कार्यक्रम की शुरुआत केक काटकर की गई। समारोह में वसंत विहार डिस्पेंसरी की महिला चिकित्सकों एवं स्वास्थ्यकर्मियों के साथ इंदिरा हेल्थ सेंटर के चिकित्सक और अन्य चिकित्सा कर्मी भी उपस्थित रहे। पिछले एक वर्ष से यह डिस्पेंसरी पूरी तरह महिला डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों द्वारा संचालित की जा रही है, जहां एसईसीएल के कर्मचारियों एवं उनके आश्रितों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।

इस अवसर पर CMD हरीश दुहन ने कहा कि कोल इंडिया की पहली पूर्णतः महिला संचालित डिस्पेंसरी एसईसीएल के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने कहा कि महिलाएं आज हर क्षेत्र में अपनी नेतृत्व क्षमता, कार्यकुशलता और समर्पण का उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रही हैं तथा यह डिस्पेंसरी संगठन में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी और सशक्त भूमिका का जीवंत उदाहरण है।
उन्होंने बताया कि एसईसीएल भविष्य में इस डिस्पेंसरी को ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’ के रूप में विकसित करने की दिशा में लगातार कार्य कर रहा है, ताकि कर्मचारियों और उनके परिवारों को और अधिक आधुनिक एवं गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें।कार्यक्रम में मुख्य चिकित्सा सेवाएं (CMS) डॉ. श्रुति देव मिश्रा, उप मुख्य चिकित्सा सेवाएं (Dy. CMS) डॉ. अरिहंत जैन, उप चिकित्सा अधीक्षक एवं वसंत विहार डिस्पेंसरी प्रभारी डॉ. नाज़िया मोहम्मदी सहित वसंत विहार डिस्पेंसरी और इंदिरा हेल्थ सेंटर के चिकित्सक एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
समारोह के दौरान चिकित्सा टीम ने डिस्पेंसरी की पहली वर्षगांठ पर खुशी व्यक्त करते हुए भविष्य में भी समर्पण, संवेदनशीलता और उत्कृष्टता के साथ स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने का संकल्प दोहराया। महिला नेतृत्व में संचालित यह डिस्पेंसरी न केवल बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं का केंद्र बनकर उभरी है, बल्कि महिला सशक्तिकरण और कार्यस्थल पर लैंगिक समानता का भी प्रेरक उदाहरण बन गई है।



