‘हर घर तिरंगा’ से गूंजेगा छत्तीसगढ़, पहली बार बस्तर के कई गांवों में लहराएगा राष्ट्रध्वज

बस्तर संभाग में 500 से अधिक स्कूलों, प्रमुख चौराहों और सामुदायिक भवनों का नामकरण अमर शहीदों के नाम पर किया जाएगा
रायपुर। स्वतंत्रता दिवस 2026 को लेकर छत्तीसगढ़ में ‘हर घर तिरंगा’ और ‘तिरंगा यात्रा’ अभियान को भव्य रूप देने की तैयारी शुरू हो गई है। भाजपा ने पूरे प्रदेश में राष्ट्रभक्ति, सामाजिक समरसता और स्वतंत्रता सेनानियों के प्रति सम्मान का संदेश पहुंचाने के लिए व्यापक कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार की है। उप मुख्यमंत्री अरुण साव और विजय शर्मा ने शुक्रवार को रायपुर में आयोजित पत्रकार वार्ता में अभियान की विस्तृत जानकारी दी।
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि इस वर्ष बस्तर के उन नक्सल प्रभावित दुर्गम क्षेत्रों में भी तिरंगा फहराया जाएगा, जहां आजादी के बाद से कभी राष्ट्रीय ध्वज नहीं लहराया गया। उन्होंने बताया कि 10 अगस्त को रायपुर के मरीन ड्राइव से मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की मौजूदगी में राज्य स्तरीय तिरंगा यात्रा की शुरुआत होगी। इसमें जनप्रतिनिधियों, विद्यार्थियों, एनसीसी कैडेट्स, पूर्व सैनिकों, खिलाड़ियों और सामाजिक संगठनों की भागीदारी रहेगी। प्रदेशभर के 450 से अधिक भाजपा मंडलों, ग्राम पंचायतों और नगरीय निकायों में भी तिरंगा यात्राएं निकाली जाएंगी।
उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि बस्तर के “कुख्यात” इलाकों को अब “विख्यात” बनाने का समय आ गया है। उन्होंने बताया कि इस वर्ष बीजापुर के 33, सुकमा के 50 और नारायणपुर के 9 गांवों में पहली बार तिरंगा फहराया जाएगा। साथ ही बस्तर संभाग में 500 से अधिक स्कूलों, प्रमुख चौराहों और सामुदायिक भवनों का नामकरण अमर शहीदों के नाम पर किया जाएगा।
अभियान के तहत युवाओं की बाइक रैलियां, शहीद परिवारों का सम्मान, तिरंगा भेंट कार्यक्रम और सोशल मीडिया पर ‘डिजिटल तिरंगा’ अभियान भी चलाया जाएगा। लोगों से अपने घर, दुकान और संस्थानों पर तिरंगा फहराकर फोटो और वीडियो साझा करने की अपील की गई है।
भाजपा का कहना है कि यह अभियान केवल राष्ट्रीय ध्वज फहराने तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि राष्ट्र निर्माण में योगदान देने वाले वीरों के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने और देशभक्ति की भावना को जन-जन तक पहुंचाने का व्यापक जनआंदोलन बनेगा। विशेष रूप से बस्तर में पहली बार दूरस्थ गांवों तक तिरंगा पहुंचना राज्य के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि माना जा रहा है।




