
रायपुर – योगगुरु बाबा रामदेव रविवार को रायपुर पहुंचे। भोपाल से देहरादून जाते समय देहरादून में खराब मौसम के चलते उन्होंने रायपुर में रात्रि विश्राम करने का निर्णय लिया। बाबा रामदेव सोमवार सुबह देहरादून के लिए रवाना होंगे। रायपुर एयरपोर्ट पहुंचने पर उन्होंने मीडिया से बातचीत करते हुए देश की मौजूदा परिस्थितियों, शिक्षा-चिकित्सा व्यवस्था, युवाओं के भविष्य और राष्ट्रहित से जुड़े कई मुद्दों पर अपनी बात रखी।
बाबा रामदेव ने देश की व्यवस्थाओं को लेकर बड़ा बयान देते हुए कहा कि केवल एक प्रधानमंत्री देश की सभी व्यवस्थाओं को ठीक कर देंगे, ऐसी अपेक्षा पूरी तरह उचित नहीं है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नीतियों की सराहना करते हुए कहा कि उनकी नीतियों से देश में बहुत कुछ अच्छा हुआ है।
उन्होंने कहा कि बहुत से लोगों को देश में हुआ अच्छा काम दिखाई नहीं देता, यह भी गलत है। वहीं, देश में सब कुछ अच्छा है, ऐसा कहना भी सही नहीं होगा। हमें हमेशा न्यायपूर्ण दृष्टि से सोचने की आवश्यकता है।
वंदे मातरम पर राजनीति नहीं, राष्ट्रहित सर्वोपरि
राष्ट्रगीत और वंदे मातरम को लेकर देश में चल रही राजनीतिक बहस पर बाबा रामदेव ने कहा कि उन्होंने संबंधित वीडियो अभी तक नहीं देखा है। उन्होंने कहा कि वंदे मातरम से लेकर देश की एकता और अखंडता का सवाल है। ऐसे मुद्दों पर सभी को एकजुट होना चाहिए और राजनीति नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि राष्ट्रहित और राष्ट्रधर्म सर्वोपरि है।
सिर्फ नौकरी नहीं, पर्यावरण भी बड़ी चुनौती
बाबा रामदेव ने कहा कि देश के सामने समस्या केवल नौकरियों की नहीं है। पर्यावरण समेत कई अन्य महत्वपूर्ण मुद्दे भी हैं, जिन पर गंभीरता से काम करने की जरूरत है।
उन्होंने शिक्षा के बढ़ते व्यवसायीकरण पर चिंता जताते हुए कहा कि शिक्षा का व्यवसायीकरण होना खराब है। देश की शिक्षा और चिकित्सा व्यवस्था में सुधार के लिए सरकारी तंत्र का लाभ उठाने वाले लोगों को भी अपनी भूमिका निभानी चाहिए।
उन्होंने कहा कि सरकारी तंत्र का लाभ उठाने वाले लोगों के बच्चे सरकारी स्कूलों में पढ़ें और सरकारी अस्पतालों में इलाज कराएं, तभी व्यवस्थाओं में वास्तविक सुधार की दिशा में आगे बढ़ा जा सकता है।
बाबा रामदेव ने कहा कि देश की व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने के लिए केवल सरकार के भरोसे नहीं बैठा जा सकता। समाज के सभी वर्गों को मिलकर पुरुषार्थ करने की आवश्यकता है।




