छत्तीसगढ़

‘मैं बिट्टू को नेता नहीं बनाना चाहता था, अमित शाह ने बना दिया’, भूपेश बघेल के बयान पर लगे ‘बिट्टू भईया जिंदाबाद’ के नारे

पाटन। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के जन्मदिन पर पाटन में आयोजित समारोह में उनके बेटे चैतन्य बघेल को लेकर दिया गया बयान अब सियासी चर्चा का विषय बन गया है। मंच से भूपेश बघेल ने चैतन्य को लेकर ऐसा राजनीतिक संदेश दिया कि कार्यक्रम में ‘बिट्टू भईया जिंदाबाद’ के नारे गूंजने लगे। इस पूरे घटनाक्रम का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

23 अगस्त को भूपेश बघेल के जन्मदिन के मौके पर पाटन में कांग्रेस कार्यकर्ताओं की ओर से भव्य समारोह आयोजित किया गया था। इसमें पाटन सहित प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों से बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और समर्थक पहुंचे। कार्यक्रम में कांग्रेस के कई विधायक और वरिष्ठ नेता भी मौजूद रहे। मंच पर भूपेश बघेल के साथ उनके बेटे चैतन्य बघेल की भी विशेष मौजूदगी रही।

‘मैं बिट्टू को नेता नहीं बनाना चाहता था’

जन्मदिन समारोह में केक काटने के बाद भूपेश बघेल ने लोगों को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने अपने बेटे चैतन्य बघेल को लेकर कहा कि वह उन्हें नेता नहीं बनाना चाहते थे, लेकिन अमित शाह ने उन्हें नेता बना दिया। भूपेश बघेल ने कहा कि ईडी की कार्रवाई हुई, चैतन्य जेल गए और जेल से बाहर आने के बाद आज वह जनता के बीच नेता के रूप में मौजूद हैं। उनके इस बयान के दौरान मंच पर खड़े चैतन्य बघेल कार्यकर्ताओं की ओर हाथ जोड़कर अभिवादन करते नजर आए।

पाटन की धरती और संघर्ष का किया जिक्र:भूपेश बघेल ने अपने संबोधन में पाटन की राजनीतिक और ऐतिहासिक पृष्ठभूमि का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि पाटन की धरती स्वतंत्रता संग्राम के लिए लड़ने वाले सेनानियों की धरती रही है। यहां की माताओं ने योद्धाओं को जन्म दिया है और पाटनवासी डरने वाले नहीं हैं।

उनके इस संबोधन के बीच समर्थकों ने ‘बिट्टू भईया जिंदाबाद’ के नारे लगाए। इससे कार्यक्रम में चैतन्य बघेल की मौजूदगी और उनके राजनीतिक भविष्य को लेकर चर्चा और तेज हो गई।

सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो

कार्यक्रम का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में भूपेश बघेल अपने बेटे चैतन्य बघेल का जिक्र करते हुए नजर आ रहे हैं, जबकि चैतन्य मंच पर खड़े होकर कार्यकर्ताओं का अभिवादन करते दिखाई दे रहे हैं।

कांग्रेस समर्थकों के बीच इस घटनाक्रम को चैतन्य बघेल की राजनीतिक सक्रियता के नए दौर की शुरुआत के तौर पर देखा जा रहा है। हालांकि, चैतन्य बघेल की ओर से इस मौके पर किसी राजनीतिक पद या आगामी भूमिका को लेकर कोई औपचारिक घोषणा नहीं की गई है।

भूपेश बघेल के जन्मदिन समारोह में चैतन्य को जिस तरह मंच पर प्रमुखता मिली और जिस अंदाज में उनका परिचय कराया गया, उसने छत्तीसगढ़ की राजनीति में ‘बिट्टू भईया’ की राजनीतिक भूमिका को लेकर नई चर्चाओं को जरूर हवा दे दी है।

cropped cg bulletin favicon
CG Bulletin Desk1

Show More

Related Articles

Back to top button
Home
Chhattisgarh
Search