Sushasan Tihar: आम और बरगद के पेड़ तले लग रही सीएम साय की चौपाल… अफसरों के पहुंचने से पहले ग्रामीणों से सीधा संवाद, सुशासन का सख्त संदेश

सुकमा से अंबिकापुर तक अचानक गांवों में पहुंच रहे मुख्यमंत्री, खाट पर बैठकर सुन रहे लोगों की समस्याएं
रायपुर। सुशासन तिहार के दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय प्रदेश के दूरस्थ और आदिवासी अंचलों में अचानक पहुंचकर प्रशासनिक व्यवस्था की जमीनी हकीकत परख रहे हैं। सुकमा से लेकर अंबिकापुर तक कई गांवों में मुख्यमंत्री के आकस्मिक दौरे ने अधिकारियों को भी चौंका दिया है। कई बार ऐसा हुआ कि मुख्यमंत्री और उनकी टीम गांव पहुंच गई, लेकिन जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों को वहां पहुंचने में भी समय लग गया।
मुख्यमंत्री जहां उतरते हैं, वहीं किसी आम, बरगद, नीम या अन्य छायादार पेड़ के नीचे तत्काल जनचौपाल शुरू हो जाती है। भीषण गर्मी और 45 डिग्री से अधिक तापमान के बावजूद मुख्यमंत्री ग्रामीणों के बीच बैठकर उनकी समस्याएं सुन रहे हैं और योजनाओं के क्रियान्वयन का सीधा फीडबैक ले रहे हैं।
शनिवार को मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय अपने विशेष सचिव रजत बंसल के साथ मरवाही विकासखंड के दूरस्थ ग्राम निमधा पहुंचे। यहां आम के पेड़ की छांव में खाट पर बैठकर उन्होंने ग्रामीणों से सीधा संवाद किया। मुख्यमंत्री ने बिजली, पानी, राशन, सड़क, स्वास्थ्य, शिक्षा और आवास जैसी मूलभूत सुविधाओं की स्थिति के बारे में जानकारी ली तथा समस्याओं के निराकरण के निर्देश दिए।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने स्थानीय संस्कृति और खान-पान से भी जुड़ाव दिखाया। उन्होंने सरई के दोना-पत्तल में परोसे गए स्थानीय व्यंजन जामुन, कोईलार भाजी, बेल का शरबत, आम की चटनी और आमपना का स्वाद भी लिया।
मरवाही के बाद मुख्यमंत्री का हेलीकॉप्टर सक्ती जिले के ग्राम ठठारी पहुंचा। यहां चतुर्भुज तालाब के पास विशाल बरगद के पेड़ की छांव में जनचौपाल लगाई गई। खुले वातावरण में आयोजित इस चौपाल में मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों के बीच बैठकर उनकी समस्याएं सुनीं और योजनाओं के जमीनी क्रियान्वयन की जानकारी ली।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि सुशासन तिहार केवल योजनाओं की समीक्षा का कार्यक्रम नहीं है, बल्कि यह जानने का प्रयास है कि शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ वास्तव में अंतिम व्यक्ति तक पहुंच रहा है या नहीं। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट संदेश दिया कि योजनाओं के क्रियान्वयन में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जनता की समस्याओं का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित किया जाए।




