UCC पर कांग्रेस के विरोध को लेकर केदार कश्यप का हमला, बोले- आदिवासियों को भड़काने की कोशिश सफल नहीं होगी

महतारी वंदन, बस्तर, वंदे मातरम् और यूथ कांग्रेस के चुनाव को लेकर भी कांग्रेस पर साधा निशाना
रायपुर। समान नागरिक संहिता (UCC) को लेकर छत्तीसगढ़ कांग्रेस के विरोध पर वन मंत्री केदार कश्यप ने तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि जहां राष्ट्रीयता और समाजहित की बात आती है, वहां कांग्रेस विरोध करने लगती है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने स्पष्ट कर दिया है कि आदिवासी समाज को UCC से दूर रखा जाएगा। इसके बावजूद आदिवासी समाज के मन में भ्रम और पीड़ा पैदा कर उन्हें भड़काने की कोशिश की जा रही है, जो सफल नहीं होगी।
मीडिया से चर्चा में कांग्रेस द्वारा बस्तर में आदिवासियों के साथ आंदोलन की तैयारी को लेकर केदार कश्यप ने कहा कि कांग्रेस को पहले आत्मावलोकन करना चाहिए। उन्होंने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस के नेता जब भी बस्तर आए, उन्होंने बड़ी-बड़ी बातें तो कीं, लेकिन धरातल पर कुछ नहीं किया।केदार कश्यप ने आरोप लगाया कि कांग्रेस शासन के दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ लोगों से छीन लिया गया और लोगों की छत छीनने का काम किया गया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार ने भाजपा शासन की चरण पादुका योजना भी बंद कर दी थी। आज बस्तर नक्सलमुक्त होने की दिशा में आगे बढ़ रहा है तो कांग्रेस को यह रास नहीं आ रहा है।
29 सीटों पर फोकस को लेकर भी कांग्रेस पर निशाना
कांग्रेस के 29 सीटों पर फोकस करने के सवाल पर मंत्री ने कहा कि कांग्रेस की मानसिकता ही ऐसी है और उसकी योजनाओं व राजनीति का प्रदेश के विकास से कोई सरोकार नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस आदिवासियों के मन में पीड़ा पैदा कर उन्हें भड़काने का प्रयास कर रही है, लेकिन प्रदेश की जनता इसे सफल नहीं होने देगी।उन्होंने कांग्रेस के पिछले कार्यक्रमों पर भी तंज कसते हुए आरोप लगाया कि पहले भी पीसीसी चीफ ने आदिवासियों को बुलाकर बकरा-भात खिलाने की बात कही थी और उन्हें सुअर-भात खिलाकर भेज दिया गया था।
महतारी वंदन में नाम कटने पर बोले- तकनीकी समस्या जल्द होगी दूरमहतारी वंदन योजना में करीब डेढ़ लाख महिलाओं के नाम कटने के मुद्दे पर केदार कश्यप ने कहा कि कांग्रेस के लोग पहले महिलाओं को 500 रुपये देने की बात करते थे, जबकि भाजपा सरकार ने मातृशक्ति को राखी से पहले ही राशि उपलब्ध कराई है। उन्होंने कहा कि इसी वजह से कांग्रेस को परेशानी हो रही है।उन्होंने कहा कि यदि कहीं तकनीकी समस्या के कारण नाम प्रभावित हुए हैं तो उसे जल्द सुलझा लिया जाएगा। हालांकि उन्होंने कांग्रेस पर तीखा कटाक्ष करते हुए कहा कि “कंप्यूटर की खराबी सुधारी जा सकती है, लेकिन इनके दिमाग की खराबी का इलाज मुश्किल है।”
वंदे मातरम् को लेकर भी कांग्रेस पर तंज
कर्नाटक में वंदे मातरम् के दो अंतरे गाए जाने की घोषणा को लेकर भी केदार कश्यप ने कांग्रेस पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि इससे कांग्रेस की मानसिकता स्पष्ट होती है। उनके मुताबिक, तुष्टीकरण की राजनीति के कारण कांग्रेस के नेताओं ने पहले वंदे मातरम् नहीं गाने का फैसला लिया था और वही नीति आज भी जारी है।
यूथ कांग्रेस के चुनाव में खर्च पर लगाया आरोप:यूथ कांग्रेस के चुनाव में खर्च को लेकर पूछे गए सवाल पर मंत्री ने आरोप लगाया कि कांग्रेस में पार्षद और विधायक के टिकट के लिए पैसों का लेन-देन होता है और उसी आधार पर पद बांटे जाते हैं। उन्होंने कहा कि अब संगठन के पदों की भी बोली लगने लगी है।
वनरक्षक भर्ती: दिसंबर तक परीक्षा की संभावना
वन विभाग में वनरक्षकों की भर्ती को लेकर वन मंत्री ने बताया कि लिखित परीक्षा व्यापमं के माध्यम से कराने की तैयारी चल रही है। उन्होंने कहा कि उपलब्ध अपडेट के अनुसार दिसंबर 2026 तक परीक्षा आयोजित होने की संभावना है। परीक्षा में करीब 16 हजार अभ्यर्थियों के शामिल होने की उम्मीद है। लिखित परीक्षा के बाद भर्ती की आगे की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
नेपाल त्रासदी पर सरकार ने जारी की हेल्पलाइन
नेपाल में बाढ़ और भूस्खलन से उत्पन्न स्थिति को लेकर राज्य सरकार द्वारा हेल्पलाइन नंबर जारी किए जाने पर केदार कश्यप ने इसे बड़ी प्राकृतिक त्रासदी बताया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने संवेदनशीलता दिखाते हुए हेल्पलाइन शुरू कराई है, ताकि नेपाल में फंसे छत्तीसगढ़ के नागरिकों और उनके परिवारों को आवश्यक सहायता और संबल मिल सके।
उन्होंने कहा कि संकट की इस घड़ी में सरकार अपने नागरिकों के साथ खड़ी है और जरूरत पड़ने पर हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है।




