नवा रायपुर में आएगा NMIMS का KG से PG तक का कैंपस, छत्तीसगढ़ में शिक्षा के क्षेत्र में बड़ी छलांग, वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने क्या कहा जानिए

रायपुर। छत्तीसगढ़ के शिक्षा क्षेत्र के लिए बड़ी खबर सामने आई है। देश के प्रतिष्ठित शैक्षणिक संस्थानों में शामिल नरसी मोंजी इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज (NMIMS) का KG से PG तक का पूर्ण कैंपस नवा रायपुर में विकसित होने जा रहा है। इसकी जानकारी वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए दी।वित्त मंत्री ने बताया कि नवा रायपुर में NMIMS का ऐसा कैंपस विकसित होगा, जहां नर्सरी से लेकर स्कूली शिक्षा, PG कॉलेज और मैनेजमेंट की उच्च शिक्षा तक की सुविधाएं उपलब्ध होंगी। उन्होंने इसे छत्तीसगढ़ के लिए बड़ी उपलब्धि बताते हुए कहा कि संस्थान को प्रदेश में लाने के लिए लंबे समय से प्रयास किए जा रहे थे।
कई विकल्पों के बावजूद छत्तीसगढ़ को मिली प्राथमिकता
ओपी चौधरी ने कहा कि NMIMS के पास देश के कई राज्यों और शहरों में कैंपस स्थापित करने के विकल्प मौजूद थे, लेकिन छत्तीसगढ़ को लेकर लगातार प्रयास किए गए। प्रदेश सरकार ने इस दिशा में अग्रणी भूमिका निभाई और अब नवा रायपुर में NMIMS का बड़ा कैंपस विकसित होने जा रहा है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के प्रयासों से यह संभव हुआ है। यह कैंपस प्रदेश में स्कूली शिक्षा के साथ-साथ उच्च शिक्षा और मैनेजमेंट की पढ़ाई के लिए नए अवसर उपलब्ध कराएगा।
राष्ट्रीय स्तर के संस्थानों से बदल रही शैक्षणिक तस्वीर
वित्त मंत्री ने कहा कि एक समय छत्तीसगढ़ को लेकर यह धारणा थी कि प्रदेश में अच्छे और राष्ट्रीय स्तर के शैक्षणिक संस्थान नहीं हैं। उन्होंने अपने छात्र जीवन का उल्लेख करते हुए कहा कि जब उन्होंने 12वीं कक्षा उत्तीर्ण की थी, उस समय प्रदेश में राष्ट्रीय स्तर का कोई बड़ा शैक्षणिक संस्थान नहीं था।उन्होंने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय स्तर के प्रमुख शैक्षणिक संस्थानों का विस्तार हुआ है। रायपुर में IIM, AIIMS और NIT जैसे संस्थानों की मौजूदगी ने प्रदेश की शैक्षणिक पहचान को मजबूत किया है।
प्रदेशवासियों को दी बधाई : मंत्री ओपी चौधरी ने कहा कि NMIMS का KG से PG तक का पूरा कैंपस छत्तीसगढ़ के लिए नई छलांग का प्रमाण है। उन्होंने इस उपलब्धि के लिए प्रदेशवासियों को बधाई देते हुए कहा कि राष्ट्रीय स्तर के संस्थानों के आने से छत्तीसगढ़ के विद्यार्थियों को उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा के लिए बेहतर अवसर मिलेंगे और प्रदेश की शैक्षणिक क्षमता को नई दिशा मिलेगी।




